
अनंत सूत्र में बंधी आस्था, घर, घर गूंजे भगवान विष्णु के जयकारे
जिले में शुक्रवार को अनंत चतुर्दशी का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि पर लोगों ने घर, घर भगवान अनंत की पूजा, अर्चना कर संकटों से रक्षा के प्रतीक अनंत सूत्र को धारण किया। बिशौनी गांव में व्रतकर्ता कौशल कुमार मिश्र उर्फ पप्पू मिश्र ने प्रातः स्नान कर व्रत का संकल्प लिया। पंडित सुदर्शन शास्त्री के वैदिक मंत्रोच्चार के बीच कलश स्थापना कर पूजा, अर्चना की गई। इस दौरान चौदह गांठ वाले अनंत सूत्र को भगवान के समक्ष रखकर भगवान विष्णु का पूजन किया गया। पूजन के दौरान भगवान विष्णु एवं अनंत सूत्र को पंचामृत से स्नान कराया गया तथा ‘’ मंत्र का जाप किया गया। दूध, दही, घी, गंगाजल आदि से पंचामृत तैयार कर विधि, विधान से पूजा संपन्न की गई। इसके बाद चौदह गांठ वाले सूत्र को अनंत का स्वरूप मानकर पुरुषों ने दाएं और महिलाओं ने बाएं बाजू में धारण किया। पुराने अनंत सूत्र का भी विधिवत त्याग किया गया। इधर, करणा स्थित बजरंगबली मंदिर परिसर में पंडित दीपक कुमार के द्वारा अनंत चतुर्दशी का पूजन कराया गया। वहीं मुरादपुर गांव में पंडित श्रीरामचंद्र झा के नेतृत्व में पूजा, अर्चना हुई। कबेला, कुल्हड़िया, रूपौहली समेत विभिन्न गांवों में भी श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से अनंत चतुर्दशी की पूजा कर सुख, शांति एवं परिवार की मंगलकामना की।
जिले में शुक्रवार को अनंत चतुर्दशी का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि पर लोगों ने घर, घर भगवान अनंत की पूजा, अर्चना कर संकटों से रक्षा के प्रतीक अनंत सूत्र को धारण किया। बिशौनी गांव में व्रतकर्ता कौशल कुमार मिश्र उर्फ पप्पू मिश्र ने प्रातः स्नान कर व्रत का संकल्प लिया। पंडित सुदर्शन शास्त्री के वैदिक मंत्रोच्चार के बीच कलश स्थापना कर पूजा, अर्चना की गई। इस दौरान चौदह गांठ वाले अनंत सूत्र को भगवान के समक्ष रखकर भगवान विष्णु का पूजन किया गया। पूजन के दौरान भगवान विष्णु एवं अनंत सूत्र को पंचामृत से स्नान कराया गया तथा ‘’ मंत्र का जाप किया गया। दूध, दही, घी, गंगाजल आदि से पंचामृत तैयार कर विधि, विधान से पूजा संपन्न की गई। इसके बाद चौदह गांठ वाले सूत्र को अनंत का स्वरूप मानकर पुरुषों ने दाएं और महिलाओं ने बाएं बाजू में धारण किया। पुराने अनंत सूत्र का भी विधिवत त्याग किया गया। इधर, करणा स्थित बजरंगबली मंदिर परिसर में पंडित दीपक कुमार के द्वारा अनंत चतुर्दशी का पूजन कराया गया। वहीं मुरादपुर गांव में पंडित श्रीरामचंद्र झा के नेतृत्व में पूजा, अर्चना हुई। कबेला, कुल्हड़िया, रूपौहली समेत विभिन्न गांवों में भी श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से अनंत चतुर्दशी की पूजा कर सुख, शांति एवं परिवार की मंगलकामना की।
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